आँखों में उसकी तस्वीर रखते हुए
जब भी देख लेता हूँ उसे मुस्कुराते हुए
हट जाती है उदासी फिक्र मंद चेहरे से और
सौ रंग चढ़ जाते हैं खुशी के.. उदास होते हुए ।
© आशु चौधरी "आशुतोष
कोई टिप्पणी नहीं:
एक टिप्पणी भेजें